Bhagavad Gita 9.25 — 25
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ॐ
श्रीमद्भगवद्गीता • SANATAN WISDOM
भगवद्गीता
A Timeless Guide to Life
अध्याय 9 | श्लोक 25
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यान्ति देवव्रता देवान्पितॄन्यान्ति पितृव्रताः |भूतानि यान्ति भूतेज्या यान्ति मद्याजिनोऽपि माम् |
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yānti devavratā devānpitṝnyānti pitṛvratāḥ .bhūtāni yānti bhūtejyā yānti madyājino.api mām
📖 सरल हिंदी अर्थ
देवताओं को पूजने वाले देवताओं को प्राप्त होते हैं, पितरों को पूजने वाले पितरों को प्राप्त होते हैं, भूतों को पूजने वाले भूतों को प्राप्त होते हैं और मेरा पूजन करने वाले भक्त मुझ को ही प्राप्त होते हैं। इसलिए मेरे भक्तों का पुनर्जन्म नहीं होता|
🌸 English Meaning
Those who are vowed to gods go to the gods; those who are vowed to the manes reach the manes; those who adore the spirits reach the spirits and those who worship Me come to Me alone..
🪔 Life Lesson
इस श्लोक के संदेश को अपने दैनिक जीवन में समझें और अपने कर्म, विचार तथा आचरण में अपनाने का प्रयास करें।
Source: श्रीमद्भगवद्गीता — अध्याय 9, श्लोक 25
“Do Your Duty. Leave the Rest to the Divine.”
ॐ तत्सत्
ॐ तत्सत्
