Bhagavad Gita 2.17 — 17
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ॐ
श्रीमद्भगवद्गीता • SANATAN WISDOM
भगवद्गीता
A Timeless Guide to Life
अध्याय 2 | श्लोक 17
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अविनाशि तु तद्विद्धि येन सर्वमिदं ततम् |विनाशमव्ययस्यास्य न कश्चित्कर्तुमर्हति |
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avināśi tu tadviddhi yena sarvamidaṃ tatam .vināśamavyayasyāsya na kaścitkartumarhati
📖 सरल हिंदी अर्थ
नाशरहित तो तू उसको जान, जिससे यह सम्पूर्ण जगत्-दृश्य वर्ग व्याप्त है। इस अविनाशी का विनाश करने में कोई भी समर्थ नहीं है |
🌸 English Meaning
Know that to be indestructible by which all this is pervaded. No one is able to destroy that imperishable entity.
🪔 Life Lesson
इस श्लोक के संदेश को अपने दैनिक जीवन में समझें और अपने कर्म, विचार तथा आचरण में अपनाने का प्रयास करें।
Source: श्रीमद्भगवद्गीता — अध्याय 2, श्लोक 17
“Do Your Duty. Leave the Rest to the Divine.”
ॐ तत्सत्
ॐ तत्सत्
